NEET UG Admission Fraud Update: नीट यूजी काउंसलिंग में एमबीबीएस दाखिला फर्जीवाड़ा; फर्जी दस्तावेजों से एडमिशन लेने वाले छात्रों पर बड़ी कार्रवाई, तीसरी FIR दर्ज
मुख्य बिंदु
मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन के दौर में एक बहुत बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। नीट-यूजी काउंसलिंग (NEET UG Counselling) प्रक्रिया के दौरान फर्जी दस्तावेजों और प्रमाण पत्रों के सहारे मेडिकल सीटों पर कब्जा करने वाले छात्रों और गिरोह पर प्रशासन का शिकंजा कसता जा रहा है।
आइए जानते हैं इस बड़े मेडिकल एडमिशन स्कैम से जुड़ी ताजा और बड़ी अपडेट्स:
1. काउंसलिंग में बड़ा फर्जीवाड़ा: 12 अभ्यर्थियों के फर्जी प्रमाणपत्र और सीटें रद्द
- फर्जी दस्तावेजों का खेल: नीट-यूजी काउंसलिंग के दौरान कई मामलों में यह खुलासा हुआ है कि कुछ अभ्यर्थियों ने एमबीबीएस (MBBS) सीटों को हासिल करने के लिए फर्जी निवास प्रमाण पत्र (Domicile) और अन्य जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल किया।
- तुरंत कार्रवाई और सीटें रद्द: जांच के दौरान पोल खुलने के बाद प्रशासन और संबंधित मेडिकल बोर्ड ने कड़ा कदम उठाते हुए 12 अभ्यर्थियों के फर्जी प्रमाण पत्र पकड़े हैं और उनकी काउंसलिंग व अलॉटेड सीटें तुरंत प्रभाव से रद्द कर दी गई हैं।
2. एमबीबीएस दाखिला फर्जीवाड़े में तीसरी FIR दर्ज
- एक और आरोपी बेनकाब: दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक, इस पूरे रैकेट और फर्जीवाड़े के सिलसिले में तीसरी एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली गई है। पुलिस जांच में एक और नए आरोपी की पहचान हुई है।
- स्वतंत्रता सेनानी और निवास कोताही: ये आरोपी फर्जी दस्तावेजों के जरिए गलत तरीके से कोटा (जैसे स्वतंत्रता सेनानी कोटा या विशेष निवास प्रमाण) का लाभ उठाकर मेडिकल कॉलेजों में दाखिला लेने की फिराक में थे। पुलिस और जांच एजेंसियां अब इस पूरे सिंडिकेट के अन्य चेहरों की तलाश कर रही हैं।
