BCCI CoE Report: बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, एक साल में 32 शीर्ष खिलाड़ियों को कराना पड़ा रिहैब; रोहित शर्मा की चोट पर भी उठे सवाल
मुख्य बिंदु
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) के इंजरी मैनेजमेंट और खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर एक बहुत बड़ी रिपोर्ट सामने आई है। इस रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि पिछले एक साल के दौरान भारतीय टीम के कई बड़े खिलाड़ियों को चोटों से जूझना पड़ा है। आइए जानते हैं इस रिपोर्ट से जुड़ी मुख्य बातें:
1. एक साल में 32 शीर्ष खिलाड़ियों का हुआ रिहैब
- खिलाड़ियों की संख्या: अप्रैल 2025 से मार्च 2026 के बीच भारत के कुल 32 शीर्ष क्रिकेटर्स चोट से उबरने के लिए रिहैबिलिटेशन प्रक्रिया से गुजरे हैं।
- कॉन्ट्रैक्ट वाले खिलाड़ी: इस लिस्ट में 20 खिलाड़ी बीसीसीआई के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट वाले सीनियर और 12 खिलाड़ी इंडिया-ए या टारगेटेड ग्रुप के शामिल रहे हैं। इसके अलावा कुल मिलाकर 68 खिलाड़ियों की चोटों का इलाज CoE द्वारा किया गया है।
2. रोहित शर्मा की चोट छिपाने का दावा और अन्य खुलासे
- रोहित शर्मा का रिहैब: रिपोर्ट्स के मुताबिक, आईपीएल 2026 के बाद रोहित शर्मा ने हैमस्ट्रिंग की चोट के कारण CoE में रिहैब कराया था, जिसको लेकर जानकारी छिपाए जाने का दावा किया गया है।
- प्रमुख चोटें और खिलाड़ी: इस रिपोर्ट में जुलाई 2025 में मैनचेस्टर टेस्ट के दौरान ऋषभ पंत के पैर में हुए फ्रैक्चर का भी जिक्र है। इसके अलावा जसप्रीत बुमराह, हार्दिक पंड्या, हर्षित राणा, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर और प्रसिद्ध कृष्णा जैसे कई बड़े खिलाड़ी बार-बार चोटिल होने वाले खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं।
3. CoE का बजट बढ़कर हुआ 127 करोड़ रुपए
- बजट में भारी बढ़ोतरी: खिलाड़ियों की बढ़ती चोटों और फिटनेस मैनेजमेंट को बेहतर बनाने के लिए बीसीसीआई ने CoE का बजट पिछले वित्त वर्ष के करीब 92 करोड़ रुपए से बढ़ाकर वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 127 करोड़ रुपए कर दिया है।
BCCI CoE Injury Report & Player Fitness Analysis
यह वीडियो भारतीय क्रिकेट में खिलाड़ियों की फिटनेस, वर्कलोड मैनेजमेंट और CoE की कार्यप्रणाली को विस्तार से समझने में मदद करता है।
